नुआखाई महापर्व में गूंजा सामाजिक एकता और संस्कृति का संदेश, विधायक पुरन्दर मिश्रा ने प्रतिभाओं का किया सम्मान “अपनी संस्कृति और परंपराओं को सहेजना हमारी जिम्मेदारी, प्रतिभाओं को सम्मान देना समाज की ताकत” — पुरन्दर मिश्रा
रायपुर। राजधानी रायपुर के शहीद स्मारक भवन में घासी-घसिया समाज द्वारा आयोजित नुआखाई महापर्व 2026 में रायपुर उत्तर विधायक पुरन्दर मिश्रा शामिल हुए। उन्होंने नुआखाई पर्व की शुभकामनाएं देते हुए समाज की उन प्रतिभाओं को सम्मानित किया, जिन्होंने कला-संस्कृति, शिक्षा, खेलकूद सहित विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल कर समाज और प्रदेश का गौरव बढ़ाया है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक पुरन्दर मिश्रा ने कहा कि नुआखाई सिर्फ एक पर्व नहीं, बल्कि हमारी जड़ों, हमारी संस्कृति और हमारी सामाजिक एकजुटता का जीवंत उत्सव है। हमारी परंपराएं हमारी पहचान हैं और इन्हें अगली पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि जिस समाज की प्रतिभाओं को सम्मान और प्रोत्साहन मिलता है, वह समाज निरंतर आगे बढ़ता है। घासी-घसिया समाज की प्रतिभाओं ने शिक्षा, खेल, कला और संस्कृति के क्षेत्र में अपनी मेहनत और प्रतिभा के बल पर अलग पहचान बनाई है। इन प्रतिभाओं का सम्मान केवल उनका सम्मान नहीं, बल्कि पूरे समाज के सामूहिक गौरव का सम्मान है।
श्री मिश्रा ने कहा कि युवा शक्ति किसी भी समाज की सबसे बड़ी पूंजी है। जरूरत इस बात की है कि युवाओं को उनकी प्रतिभा के अनुरूप अवसर, प्रोत्साहन और मंच मिले। उन्होंने सामाजिक संगठनों से आह्वान किया कि वे नई पीढ़ी को शिक्षा, संस्कार और संस्कृति से जोड़ते हुए आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करें।
विधायक ने कहा कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत उसकी सबसे बड़ी पहचान है। अलग-अलग समाजों की परंपराएं और पर्व मिलकर प्रदेश की सांस्कृतिक विविधता को समृद्ध बनाते हैं। नुआखाई जैसे आयोजन सामाजिक सद्भाव, भाईचारे और एकता को मजबूत करने का कार्य करते हैं।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली समाज की प्रतिभाओं का सम्मान किया गया। इस अवसर पर रायपुर दक्षिण विधायक श्री सुनील सोनी, पार्षद श्री कैलाश बेहरा सहित समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में सामाजिकजन उपस्थित रहे।



