पूर्व कार्यकारिणी भंग, नए विप्र भवन निर्माण का सर्वसम्मति से निर्णय फरवरी में होगी नई कार्यकारिणी की घोषणा – पुरंदर मिश्रा

पूर्व कार्यकारिणी भंग, नए विप्र भवन निर्माण का सर्वसम्मति से निर्णय फरवरी में होगी नई कार्यकारिणी की घोषणा – पुरंदर मिश्रा

रायपुर  - दिनांक-11/01/2026,रविवार : उत्कल विप्र समाज के माननीय प्रदेश अध्यक्ष श्री पुरंदर मिश्रा जी , प्रदेश महासचिव श्री सत्यदेव शर्मा जी एवं प्रदेश संरक्षक श्री चैतन्य सतपथी जी के मार्गदर्शन में गायत्री नगर, रायपुर स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर परिसर में आज उत्कल विप्र समाज, रायपुर की एक महत्वपूर्ण बैठक आहूत की गई। बैठक सौहार्दपूर्ण एवं सकारात्मक वातावरण में सम्पन्न हुई।

बैठक में समाज की विगत चार वर्षों की कार्यकारिणी द्वारा किए गए कार्यों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया गया, जिसे उपस्थित समाजजनों ने सहमति के साथ सराहा। समाज की गतिविधियों को और अधिक सशक्त एवं संगठित बनाने को लेकर विचार-विमर्श किया गया।

इस अवसर पर समाज के सामाजिक, सांस्कृतिक एवं धार्मिक कार्यक्रमों को और प्रभावी ढंग से संचालित करने पर चर्चा हुई। इसी क्रम में समाज के दीर्घकालीन हितों को ध्यान में रखते हुए नए विप्र भवन के निर्माण का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। भवन निर्माण हेतु उपयुक्त भूमि की तलाश के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी तय किए गए।

बैठक का विशेष आकर्षण यह रहा कि समाजजनों ने स्वेच्छा एवं उत्साह के साथ भवन निर्माण हेतु सहयोग देने की घोषणा की। सभी ने अपनी सामर्थ्य अनुसार योगदान देने का संकल्प व्यक्त किया, जिससे समाज में आपसी एकता, सहयोग और समर्पण की भावना सुदृढ़ हुई।

बैठक में प्रमुख रूप से— लक्ष्मण सतपथी, वृंदावन पंडा, लक्ष्मण पंडा,शैलेन्द्र कुमार पंडा,गुणानिधि मिश्रा, शारदा चरण दास, ललित समांतराय, चूड़ामणी परीछा, पीताम्बर मिश्रा, कमलेश चांद,कमल मिश्रा, विक्की मिश्रा, रमेश चंद्र रथ, उसत मिश्रा, चित्रसेन नन्दे , कीर्तन सतपथी, घनश्याम सतपथी, सच्चिदानंद होता, आशीष मुंड ,बीरेंद्र कुमार मिश्रा, योगेश मिश्रा, तुषार मिश्रा, हीराचंद नन्दे शर्मा आदि बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि चार वर्ष का कार्यकाल पूर्ण होने के पश्चात पुरुष, महिला एवं युवा समूह सहित पूर्व कार्यकारिणी को पूर्ण रूप से भंग किया जाता है। साथ ही यह जानकारी दी गई कि नई कार्यकारिणी का गठन एवं घोषणा फरवरी माह में की जाएगी।

श्री जगन्नाथ मंदिर परिसर में आयोजित यह बैठक समाज के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में सामूहिक सोच, सहभागिता और सकारात्मक ऊर्जा का परिचायक बनी।