गड़े धन के लालच में 21 लोगों की बलि की साजिश! 3 महीने में 8 लोगों की मौत, आरोपी गिरफ्तार
बलौदाबाजार के खर्वे गांव में संदिग्ध मौतों के मामले में बड़ा खुलासा, पुलिस ने रामसहाय जायसवाल को किया गिरफ्तार, जहरीला पदार्थ जब्त
बलौदाबाजार जिले के कसडोल थाना क्षेत्र अंतर्गत खर्वे गांव में पिछले तीन महीनों के दौरान हुई 8 संदिग्ध मौतों के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए आरोपी रामसहाय जायसवाल को गिरफ्तार कर लिया है। ग्रामीणों का आरोप है कि गड़े हुए धन को प्राप्त करने के लिए 21 लोगों की बलि देने की योजना बनाई गई थी।जानकारी के अनुसार, गांव में संदिग्ध मौतों का सिलसिला 6 फरवरी 2026 को बद्री पटेल की मौत से शुरू हुआ था। इसके बाद 20 फरवरी को बुढालू साहू, 12 मार्च को बुधराम जायसवाल, 20 मार्च को छत्तूराम साहू, 31 मार्च को विनोद साहू, 28 अप्रैल को गजानंद मांझी, 29 अप्रैल को चैतूराम साहू और 14 मई को महेतरू साहू की मौत हो गई। महज तीन महीने के भीतर एक ही गांव में 8 लोगों की मौत से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी।ग्रामीणों ने इन मौतों को संदिग्ध बताते हुए बड़ी संख्या में कसडोल थाने पहुंचकर जांच की मांग की थी। जांच के दौरान पुलिस के संदेह की सुई गांव के ही रामसहाय जायसवाल पर जाकर टिकी। शनिवार को पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए बुलाया था। लगातार दो दिनों तक चली सख्त पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी छोटी-छोटी बातों और मजाक को लेकर लोगों से दुश्मनी पाल लेता था और बाद में उन्हें रास्ते से हटाने की योजना बनाता था। आशंका जताई जा रही है कि मृतकों को जहरीली शराब पिलाकर मौत के घाट उतारा गया। कसडोल पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या के 8 अलग-अलग मामलों सहित जहर देकर हत्या करने से संबंधित कुल 9 अपराध दर्ज किए हैं। मंगलवार को पुलिस आरोपी को उसके घर, दुकान और घटनास्थलों पर लेकर पहुंची। इस दौरान शराब में मिलाए जाने वाले जहरीले पदार्थ को भी बरामद किया गया है। पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या आरोपी वास्तव में 21 लोगों की बलि देने की योजना पर काम कर रहा था और क्या इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है।



