राजधानी रायपुर तक पहुंचा कांकेर समन्वयक प्रकरण, विधायक पुरंदर मिश्रा ने कलेक्टर से सीधे दूरभाष पर चर्चा कर लिया संज्ञान

राजधानी रायपुर तक पहुंचा कांकेर समन्वयक प्रकरण, विधायक पुरंदर मिश्रा ने कलेक्टर से सीधे दूरभाष पर चर्चा कर लिया संज्ञान


रायपुर - कांकेर जिले के संकुल केंद्र डुमाली के संकुल शैक्षिक समन्वयक सुनील कुमार ध्रुव को बिना स्पष्ट कारण एवं बिना जांच-पड़ताल के पद से हटाए जाने का मामला अब राजधानी रायपुर तक पहुंच गया है। इस कार्रवाई के विरोध में छत्तीसगढ़ शैक्षिक समन्वयक शिक्षक संघ लगातार न्याय की मांग कर रहा है।
संघ के प्रांतीय एवं जिला पदाधिकारियों ने रायपुर स्थित भगवान जगन्नाथ मंदिर, शंकर नगर में रायपुर उत्तर विधायक पुरंदर मिश्रा से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी दी। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व संघ के प्रांताध्यक्ष डॉ. पूर्णानंद मिश्रा, कार्यकारी प्रांताध्यक्ष रामचंद्र सोनवंशी, महासचिव मोहन लहरी तथा कांकेर जिलाध्यक्ष नितेश उपाध्याय ने किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए विधायक पुरंदर मिश्रा ने तत्काल कांकेर कलेक्टर से दूरभाष पर चर्चा कर प्रकरण के शीघ्र एवं न्यायसंगत समाधान के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार शिक्षकों एवं कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है तथा किसी भी कर्मचारी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। साथ ही उन्होंने शिक्षकों से बच्चों के हित और शिक्षा की गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आह्वान किया। संघ का आरोप है कि सुनील कुमार ध्रुव ने पिछले सात वर्षों से संकुल शैक्षिक समन्वयक के रूप में अपने दायित्वों का निष्ठापूर्वक निर्वहन किया है, इसके बावजूद उन्हें बिना कारण बताए पद से पृथक कर दिया गया। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी एवं जिला मिशन समन्वयक को ज्ञापन सौंपे जाने के बाद भी अब तक कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला है। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने समग्र शिक्षा कार्यालय में सहायक संचालक ए.के. सारस्वत से भी मुलाकात कर कांकेर की पूरी घटना से अवगत कराया। संघ ने बताया कि प्रदेश के विभिन्न जिलों में समय-समय पर संकुल समन्वयकों को बिना स्पष्ट कारण पद से हटाने जैसी घटनाएं सामने आती रही हैं, जबकि पुनर्गठन के बाद संकुल समन्वयकों की नियुक्ति राज्य शासन के निर्देशानुसार कलेक्टर द्वारा की गई है। इस पर सहायक संचालक ने आश्वस्त किया कि राज्य कार्यालय द्वारा शीघ्र ही इस संबंध में स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।


बैठक में नवगठित संकुलों के लिए संकुल भवन, लैपटॉप उपलब्ध कराने, यात्रा एवं परिवहन भत्ता में वृद्धि, अर्जित अवकाश सहित अन्य महत्वपूर्ण मांगों पर भी विस्तृत चर्चा की गई। कार्यक्रम के अंत में संघ के प्रदेश कोर ग्रुप की बैठक आयोजित की गई। बैठक को संबोधित करते हुए प्रांताध्यक्ष डॉ. पूर्णानंद मिश्रा ने संगठन के विस्तार एवं मजबूती पर जोर दिया तथा सभी संकुल समन्वयकों से शिक्षा की गुणवत्ता में गुणात्मक सुधार हेतु नवाचार, स्वस्थ प्रतिस्पर्धा एवं विद्यार्थियों के हित में समर्पित भाव से कार्य करने की अपील की। उपस्थित प्रमुख सदस्य एवं शिक्षक इस अवसर पर संघ के प्रांतीय एवं जिला पदाधिकारियों के साथ बड़ी संख्या में संकुल समन्वयक एवं शिक्षक उपस्थित रहे। इनमें कांकेर जिलाध्यक्ष नितेश उपाध्याय, संरक्षक हेमेंद्र साहसी, जिला उपाध्यक्ष लक्ष्मीकांत साहू, जिला सचिव नंदकुमार अटभैया, विकासखंड चारामा के संकुल समन्वयक चिन्ताराम गंगबेर, कार्तिक राम मरकाम, अशोक कुमार यादव, हिलेश कुमार शोरी, चिन्तामणि यादव, ब्लॉक अध्यक्ष कमलेश कुमार गावड़े, महेन्द्र कुमार यादव, रवि कुमार श्रीवास्तव, रोमहर्षण नागवंशी, किशोर कुमार विश्वकर्मा, प्रधान पाठक मोतीलाल अनंत, अमित वासनिकर, पवन यादव, जिवराखन साहू एवं मुकेश मंडावी सहित सैकड़ों शिक्षक एवं समन्वयक उपस्थित रहे।
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही आदेश की समीक्षा कर सुनील कुमार ध्रुव को पुनः पदस्थ नहीं किया गया, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। जिले से लेकर राजधानी रायपुर तक पहुंचे इस प्रकरण ने शिक्षकों एवं समन्वयकों के बीच व्यापक चर्चा और असंतोष को जन्म दिया है।