राशन की हेराफेरी रोकने चावल की बोरियों पर लगेगा बारकोड!

राशन की हेराफेरी रोकने चावल की बोरियों पर लगेगा बारकोड!

 छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के चावल की सप्लाई में होने वाली कथित हेरफेर पर रोक लगाने के लिए साय सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है। सरकार अब पीडीएस चावल की बोरियों पर बारकोड लगाने की व्यवस्था लागू करने की तैयारी में है। बताया जा रहा है कि नया सिस्टम इसी साल दिसंबर से लागू किया जा सकता है।

मिल से निकलते ही बोरी पर लगेगा बारकोड
नई व्यवस्था के तहत मिलर से पीडीएस के लिए चावल की सप्लाई निकलते समय ही बोरियों पर बारकोड लगाया जाएगा। इस बारकोड के जरिए चावल की बोरी की सप्लाई को ट्रैक करने में मदद मिलेगी।

इस व्यवस्था का मकसद चावल की सप्लाई चेन में पारदर्शिता बढ़ाना और रास्ते में बोरियों के बदलने या चावल में किसी तरह की हेरफेर की आशंका को कम करना है।

चावल की हर बोरी की ट्रैकिंग में मिलेगी मदद
पीडीएस चावल की बोरियों पर बारकोड लगने के बाद सप्लाई के दौरान उनकी पहचान और आवाजाही को ट्रैक किया जा सकेगा। इससे मिलर से लेकर वितरण व्यवस्था तक चावल की सप्लाई पर नजर रखने में मदद मिलने की उम्मीद है।

छत्तीसगढ़ में अलग-अलग जगहों से पीडीएस चावल में कथित हेरफेर की शिकायतें सामने आने के बाद यह व्यवस्था लागू करने की तैयारी की जा रही है।

‘रोलिंग खेल’ पर रोक लगाने की तैयारी
पीडीएस चावल की सप्लाई में होने वाले कथित ‘रोलिंग खेल’ को रोकना भी इस व्यवस्था का एक प्रमुख उद्देश्य बताया जा रहा है। बारकोड के जरिए बोरी की पहचान और ट्रैकिंग होने से सप्लाई के बीच में चावल बदलने जैसी गड़बड़ियों पर निगरानी आसान हो सकती है।

सरकार की इस नई व्यवस्था के लागू होने के बाद पीडीएस चावल की सप्लाई व्यवस्था में तकनीक के इस्तेमाल से निगरानी और पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में कदम माना जा रहा है।